एनएल चर्चा के इस अंक में 100 से अधिक भारतीय और पाकिस्तानी नागरिकों द्वारा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और शहबाज शरीफ को पत्र लिखकर स्थायी शांति की दिशा में कदम उठाने की अपील और मानसून की दस्तक को लेकर विस्तार से बात हुई.
इसके अलावा भारत ने पाकिस्तान से अपनी सजा पूरी कर चुके 188 भारतीय मछुआरों और नागरिक कैदियों की जल्द रिहाई व स्वदेश वापसी सुनिश्चित करने को कहा, केंद्र सरकार ने धोखाधड़ी और फर्जी पहचान की आशंकाओं के चलते व्हाट्सऐप से यूज़रनेम फीचर की शुरुआत फिलहाल रोकने को कहा, दिल्ली हाईकोर्ट ने राघव चड्ढा से जुड़े कथित मानहानिकारक पोस्ट हटाने के लिए व्यापक आदेश देने से इनकार करते हुए कहा कि क्या राजनेता इतने संवेदनशील हो सकते हैं, केंद्र सरकार ने सुप्रीम कोर्ट में E20 इथेनॉल ब्लेंडिंग कार्यक्रम को ‘प्रयोग’ बताए जाने संबंधी मीडिया रिपोर्टों का खंडन किया, कनाडा ने 2026 फीफा वर्ल्ड कप के लिए आवेदन करने वाले 71 प्रतिशत भारतीयों के विज़िटर वीजा आवेदन खारिज किए, पश्चिम बंगाल विधानसभा ने ओबीसी संशोधन विधेयक पारित कर 77 मुस्लिम समुदायों को ओबीसी सूची से हटाया, उमर खालिद ने बिना मुकदमा चले तिहाड़ जेल में छह साल पूरे होने पर कहा कि उनसे इंसानियत और कई बार मानसिक संतुलन भी छिन गया, तृणमूल सांसद महुआ मोइत्रा की मौजूदगी में पार्टी कार्यालय पर अंडे और सब्जियां फेंकी गईं जिसका आरोप उन्होंने भाजपा कार्यकर्ताओं पर लगाया, सीबीएसई ने स्पष्ट किया कि मौजूदा कक्षा 10 के छात्रों पर नई तीन-भाषा नीति लागू नहीं होगी, पंजाब में केंद्र की ग्रामीण रोजगार योजना लागू किए जाने पर भाजपा ने मुख्यमंत्री भगवंत मान से पूछा कि पिछले छह महीनों में ऐसा क्या बदल गया, उत्तराखंड सरकार ने मदरसा बोर्ड समाप्त कर सभी अल्पसंख्यक शैक्षणिक संस्थानों के लिए एक साझा अल्पसंख्यक शिक्षा प्राधिकरण बनाने का फैसला किया, अमेरिका ने रूस से जुड़े प्रतिबंधों की सूची से चार भारतीय कंपनियों के नाम हटा दिए, ये ख़बरें भी हफ्ते की प्रमुख सुर्खियों में शामिल हैं.